Drumstick Leaves : नमस्ते दोस्तों! क्या आपने कभी सहजन की पत्तियों (Drumstick Leaves) के बारे में सुना है? इन्हें मोरिंगा या सहजन के नाम से भी जाना जाता है, और ये आयुर्वेद में सदियों से इस्तेमाल हो रही हैं। ये पत्तियां न सिर्फ स्वादिष्ट होती हैं, बल्कि पोषक तत्वों का खजाना भी हैं। विटामिन A, C, कैल्शियम, आयरन, और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर, ये पत्तियां कब्ज, एसिडिटी, और आंखों की सेहत के लिए कमाल का काम करती हैं। भारत में, खासकर आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में, सहजन का पेड़ बहुतायत में पाया जाता है, और इसकी पत्तियों को सूप, दाल, या सब्जी में डाला जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि ये छोटी-सी पत्तियां आपकी सेहत को कितना फायदा पहुंचा सकती हैं? आइए, इसकी खूबियों को विस्तार से जानें।
कब्ज से राहत
अगर आप कब्ज की समस्या से परेशान हैं, तो सहजन की पत्तियां आपके लिए रामबाण हो सकती हैं। इनमें मौजूद उच्च मात्रा में फाइबर पाचन तंत्र को सुचारू बनाता है और मल को मुलायम करने में मदद करता है, जिससे मल त्याग आसान हो जाता है। एक शोध के अनुसार, सहजन की पत्तियों में रेचक (laxative) गुण होते हैं, जो आंतों की गतिशीलता को बढ़ाते हैं। आप इन पत्तियों को सूप या जूस के रूप में ले सकते हैं। रोजाना सुबह खाली पेट सहजन की पत्तियों का जूस पीने से पाचन बेहतर होता है और कब्ज की समस्या धीरे-धीरे कम हो सकती है। इसके अलावा, इनमें मौजूद एंटी-बैक्टीरियल गुण आंतों में हानिकारक बैक्टीरिया को कम करते हैं, जिससे पेट स्वस्थ रहता है।
एसिडिटी का प्राकृतिक इलाज
एसिडिटी या पेट में जलन की समस्या आजकल आम है, लेकिन सहजन की पत्तियां इसे दूर करने में कारगर हैं। इनमें मौजूद एंटी-इन्फ्लेमेटरी और एंटी-ऑक्सीडेंट गुण पेट की अम्लता को कम करते हैं और गैस्ट्रिक अल्सर को रोकने में मदद करते हैं। एक अध्ययन के अनुसार, सहजन की पत्तियां 500 मिलीग्राम की खुराक में गैस्ट्रिक अल्सर की अम्लता को 86% तक कम कर सकती हैं। आप इन पत्तियों को काढ़े के रूप में पी सकते हैं या इन्हें अपनी दाल और सब्जी में शामिल कर सकते हैं। यह न सिर्फ एसिडिटी को नियंत्रित करता है, बल्कि पेट की सूजन और गैस की समस्या को भी कम करता है। बस इस बात का ध्यान रखें कि इसे सीमित मात्रा में लें, क्योंकि अधिक मात्रा में सेवन से पेट में गैस हो सकती है।
आंखों की सेहत के लिए वरदान
सहजन की पत्तियां आंखों की सेहत के लिए भी कमाल की हैं। इनमें विटामिन A और ल्यूटिन की उच्च मात्रा होती है, जो रात में कम दिखाई देने (night blindness) की समस्या को रोकने और मोतियाबिंद को टालने में मदद करते हैं। ये एंटीऑक्सीडेंट्स आंखों की कोशिकाओं को ऑक्सीडेटिव तनाव से बचाते हैं, जिससे रेटिना स्वस्थ रहता है। आप इन पत्तियों को स्मूदी, सूप, या हर्बल चाय के रूप में ले सकते हैं। आयुर्वेद के अनुसार, सहजन की पत्तियां न केवल आंखों को स्वस्थ रखती हैं, बल्कि शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को भी बढ़ाती हैं। हालांकि, अगर आप थायरॉयड या लो ब्लड प्रेशर के मरीज हैं, तो इसका सेवन करने से पहले डॉक्टर से सलाह लें। तो, आज ही सहजन की पत्तियों को अपनी डाइट में शामिल करें और इनके जादुई फायदों का लाभ उठाएं















